करोड़पति बनने का सपना हर कोई देखता है लेकिन इस सपने को साकार कर पाना इतना आसान नहीं होता। इसके लिए इंतजार करना पड़ता है। कई बार इंतजार का ऐसा फायदा होता है कि लोगों की किस्मत बदल जाती है। ऐसी ही किस्मत क्रिप्टोकरेंसी ने बदली है।
सिर्फ 9 साल में जबरदस्त रिटर्न: दरअसल, एक निष्क्रिय क्रिप्टोक्यूरेंसी वॉलेट में जबरदस्त तेजी आई है। इस वॉलेट में 6 लाख रुपए के वैल्यू की 616.2004 बिटकॉइन थी, जिसकी कीमत अब लगभग 28.35 मिलियन डॉलर ( 216 करोड़ रुपए) हो गई है। लगभग 9 साल में ये जबरदस्त तेजी आई है। आज इस वॉलेट की कीमत करीब 359284 फीसदी बढ़ गई है। इसकी जानकारी तब मिली जब हाल ही में वॉलेट के मालिक ने बिटकॉइन को दूसरे वॉलेट में स्थानांतरित कर दिया है। बिटकॉइन वॉलेट में हलचल की सूचना सबसे पहले ब्लॉकचेन एक्सप्लोरर ब्लॉकचैन डॉट कॉम ने दी थी।
वर्चुअल करेंसी की दुनिया में इस पूरे प्रकरण के जरिए ‘होडल एंड फॉरगेट!’ मैसेज देने की कोशिश की गई है। इस मैसेज में “होल्ड” की बजाए HODL की गलत वर्तनी का इस्तेमाल किया गया है। ये मूल रूप से बिटकॉइन और अन्य क्रिप्टोकरेंसी के संदर्भ में कहा जा रहा है। इसका मतलब ये हुआ कि क्रिप्टोकरेंसी खरीद कर भूल जाने की स्ट्रैटजी अपनाएं। इससे नए निवेशकों को लुभाने का भी प्रयास हो रहा है।
क्या है क्रिप्टोकरेंसी: क्रिप्टोकरेंसी एक डिजिटल मुद्रा है, इसे न तो देख सकते हैं, न टच कर सकते हैं। यह सिर्फ डिजिटल रूप में होता है जिससे ऑनलाइन ही लेन-देन किया जा सकता है। हालांकि, भारत में अभी इस करेंसी को मान्यता नहीं मिली है। रिजर्व बैंक की ओर से पहले ही इसको लेकर कई तरह की आशंकाएं जाहिर की जा चुकी है। बीते दिनों रिजर्व बैंक के गवर्नर ने बताया था कि क्रिप्टोकरेंसी की चिंताओं से वह सरकार को अवगत करा चुके हैं।
क्रिप्टोकरेंसी मार्केट में जबरदस्त अस्थिरता देखने को मिल रही है। बिटकॉइन, इथेरियम और डॉगेकॉइन तीनों में ही जबरदस्त गिरावट देखने को मिल रही है। यह तीनों दुनिया के सबसे अमीर शख्स एलन मस्क की फेवरेट क्रिप्टोकरेंसीज हैं।
एलन मस्क की फेवरेट क्रिप्टोकरेंसीज क्रैश होती हुई दिखाई दे रही हैं। बिटकॉइन एक बार फिर से 45 हजार डॉलर से नीचे आ गए हैं। वहीं इथेरियम की कीमत में भी करीब 8 फीसदी की गिरावट देखने को मिल रही है। जबकि डोगेकॉइन में करीब 11 फीसदी की गिरावट है। जिसकी वजह से निवेशकों को जबरदस्त नुकसान हुआ है। वैसे ब्लूमबर्ग की रिपोर्ट में दावा किया गया है कि इस साल बिटकॉइन के दाम एक लाख डॉलर तक हो सकते हैं। इसके बिटकॉइन को दोगुना रास्ता तय करना होगा।
बिटकॉइन की कीमत में भारी गिरावट पहले बात दुनिया की सबसे बड़ी क्रिप्टोकरेंसी बिटकॉइन की बात करें तो मौजूदा समय में 8.12 फीसदी की गिरावट के साथ कारोबार कर रहा है। जिसकी वजह से बिटकॉइन के दाम 43528 डॉलर पर आ गए हैं। जोकि बीते 24 घंटे में 43288 डॉलर के साथ दिन के निचले स्तर पर भी आ चुका है। आपको बता दें कि ब्लूमबर्ग के एनालिस्ट माइक मैक्ग्लोन ने अपने ट्वीट में दावा किया है कि कि इस साल के अंत तक बिटकॉइन के दाम एक लाख डॉलर पर पहुंच सकते हैं।
इथेरियम की इथेरियम में 10 फीसदी की गिरावट वहीं दूसरी ओर इथेरियम की कीमत में भी बड़ी गिरावट देखने को मिल रही है। मौजूदा समय में इथेरियम की कीमत में 10 फीसदी से ज्यादा की गिरावट देखने को मिल रही है। जिसके बाद 3000 डॉलर से नीचे जाते हुए 2990 डॉलर पर कारोबार कर रहा है। जबकि कारोबारी सत्र के दौरान इथेरियम 2973 डॉलर के साथ दिन के निचले स्तर पर भी चली गया था। बीते 24 घंटे में इथेरियम के दाम में उच्च स्तर से 400 डॉलर से ज्यादा की गिरावट देखने को मिल चुकी है।
डॉगेकॉइन हुआ क्रैश जबकि बिटकॉइन और इथेरियम के मुकाबले काफी सस्ती क्रिप्टोकरेंसी डॉगेकॉइन पूरी तरह से क्रैश हो गया है। आज इसमें 14 फीसदी की गिरावट देखने को मिल रही है। मौजूदा समय में डॉगेकॉइन के दाम 0.201898 डॉलर पर आ गए हैं। जबकि कारोबारी सत्र के दौरान डॉगेकॉइन के दाम में 0.032856 डॉलर की गिरावट देखने को मिल चुकी है। जानकारों की मानें तो आने वाले दिनों में अस्थिरता कम होगी और कीमत में तेजी देखने को मिलेगी। लांग टर्म में निवेश करने वालों के लिए कोई चिंता करने की बात नहीं है।
मार्च में सुप्रीम कोर्ट द्वारा आरबीआई के बैन को उलटने और बिटकॉइन, इथेरियम, डॉजकॉइन और अन्य कॉइन में ट्रेड की परमिशन मिलने के बाद भारत में क्रिप्टोकरेंसी ट्रेड में तेजी आई।
ख़ास बातें .17 सितंबर को Ethereum की कीमत 2.76 लाख रुपये थी। .भारत में कार्डानो की कीमत 187.82 रुपये पर चल रही है। .मार्केट कैपिटलाइजेशन के मामले में Ripple पांचवें नम्बर पर है।
इस साल क्रिप्टोकरेंसी की शुरुआत धीमी रही। मुख्य रूप से भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) के आदेश के कारण, जिसमें बैंकों को कहा गया कि वे क्रिप्टो में किसी तरह की डील न करें। मार्च में सुप्रीम कोर्ट द्वारा आरबीआई के बैन को उलटने और बिटकॉइन, इथेरियम, डॉजकॉइन और अन्य कॉइन में ट्रेड की परमिशन मिलने के बाद क्रिप्टोकरेंसी ट्रेड में तेजी आई। तब से CoinSwitch Kuber और CoinDCX जैसे कई ऑनलाइन एक्सचेंज फले-फूले हैं। मगर अधिकांश क्रिप्टोकरेंसी की अत्यधिक अस्थिरता को देखते हुए, इन वर्चुअल ऐसेट्स में निवेश करने के लिए इनको समझने में मशक्कत करनी पड़ती है। उसके लिए एक तरीका इन कॉइन्स की हिस्ट्री को देखना है।
पिछले कुछ हफ्तों और महीनों में क्रिप्टोकरेंसी ने कैसे ट्रेंड दिखाया है, इससे निकट भविष्य में उनकी क्षमता का अंदाजा लगाया जा सकता है। और क्या किसी व्यक्ति को अभी निवेश करना चाहिए या इंतजार करना चाहिए इस बारे में भी फैसला किया जा सकता है। इस फाइनेंशिअल ईयर की शुरुआत (1 अप्रैल) के बाद से अब तक टॉप 5 डिजिटल कॉइन्स का ट्रेंड ऐसा रहा है:
Bitcoin बिटकॉइन दुनिया की सबसे पुरानी क्रिप्टोकरेंसी है। 2009 में अपनी शुरुआत के बाद से यह क्रिप्टोकरेंसी बाजार में राज कर रहा है। इस साल 1 अप्रैल को यह करीब 42 लाख रु. के स्तर पर था। मगर मई के अंत तक, जब माइनिंग पर चीनी कार्रवाई के कारण मार्केट बड़े पैमाने पर क्रैश हो गया, तो यह 22 लाख रुपये के निचले स्तर पर पहुंच गया। हालांकि, बिटकॉइन की कीमत अब सुधर गई है। 18 सितंबर को यह करीब 37 लाख रु. पर ट्रेड कर रहा था।
Ethereum एक्सपर्ट्स का कहना है कि यह एकमात्र ऐसी वर्चुअल करेंसी है जिसमें बिटकॉइन को चुनौती देने की क्षमता है, मगर अभी यह अपनी वास्तविक क्षमता से काफी दूर है। इस फाइनेंशिअल इयर की शुरुआत में, Ethereum 1.40 लाख रुपये पर कारोबार कर रहा था। अगस्त की शुरुआत में इसने 2 लाख रुपये के लेवल को पार किया। यह वह समय था जब इथेरियम ब्लॉकचेन में लंदन का बड़ा अपग्रेड हुआ था। तब से इथेरियम का प्राइस बढ़ना जारी है। 18 सितंबर को यह 2.76 लाख रुपये पर ट्रेड कर रहा था।
Cardano 2017 में लॉन्च किया गया कार्डानो बाकियों की तुलना में एक नया कॉइन है जो टॉप 5 में अपनी जगह बनाने के लिए लगातार आगे बढ़ रहा है। कार्डानो ने केवल एक महीने में लगभग 150% का रिटर्न दिया। 20 जुलाई को यह 79.71 रुपये पर ट्रेड कर रहा था। लेकिन अगस्त तक यह 191.41 रुपये के उच्च स्तर पर पहुंच गया था। इसने अगले कुछ हफ्तों में और अधिक प्रोफिट दिया। जिसके चलते इस महीने की शुरुआत में यह अब तक के उच्चतम स्तर पर पहुंच गया जो कि 227 रुपये है। मगर अब कार्डानो की कीमत थोड़ी कम हो गई है। खबर लिखने के समय 18 सितंबर को यह 187.82 रुपये पर कारोबार कर रहा था।
Tether टीथर अमेरिकी डॉलर से जुड़ी एक स्टेबल करेंसी है। सबसे पहला होने के नाते, यह सबसे पॉपुलर स्टेबल करेंसी है। चूंकि यह डॉलर से जुड़ा है तो प्रत्येक टीथर कॉइन को टीथर लिमिटेड के रिजर्व में वास्तविक डॉलर द्वारा सपोर्टेड माना जाता है। इसलिए बाकी क्रिप्टोकरेंसी की तुलना में यह बहुत ज्यादा स्टेबल है। हालांकि इस तरह की स्थिरता इसकी ग्रोथ को भी रोकने की संभावना पैदा करती है। इस फाइनेंशिअल इयर की में यह 73-75 रुपये की रेंज के अंदर रह गया है। 18 सितम्बर को टीथर की कीमत कीमत 77 रुपये थी।
Ripple मार्केट कैपिटलाइजेशन के मामले में यह पांचवें नम्बर पर है। तकनीकी रूप से कहा जाए तो रिप्पल एक क्रिप्टोकरेंसी नहीं है। यह ओपन-सोर्स पेमेंट की सुविधा देता है और XRP इस नेटवर्क पर चलने वाली क्रिप्टोकरेंसी है। 1 अप्रैल से इसकी कीमत दोगुनी हो गई है। 41 से रु. अब 80 रुपये इसकी कीमत है। मगर 2017 के अंत में और जनवरी 2018 की शुरुआत में यह 242 रुपये के अब तक के सबसे ऊंचे स्तर पर था। 18 सितम्बर को खबर लिखने के समय पर रिप्पल की कीमत 84 रुपये थी।
Cryptocurrency Prices, 09 September: अल सल्वाडोर के बाद यूक्रेन ने भी क्रिप्टोकरेंसी Bitcoin को मान्यता दे दी है. इस खबर के बाद इसकी कीमतों में जोरदार तेजी आई है.
क्रिप्टोकरेंसी में बाजार में गुरुवार, 09 सितंबर 2021 को तेजी नज़र आ रही है. लगभग सभी प्रमुख क्रिप्टोकरेंसी हरे निशान पर कारोबार करती नज़र आ रही हैं. वैश्विक क्रिप्टो मार्केट कैप बीते 24 घंटे में 3 फीसदी तक बढ़ा है. इसके पीछे जानकार क्रिप्टो को लेकर आ रही अच्छी खबरों को बता रहे है. बिटकॉइन की बात करें तो आज यह 46 हजार डॉलर के पार कारोबार कर रहा है. आज इसमें 3 फीसदी की तेजी देखने को मिल रही है. वैश्विक क्रिप्टो बाजार में बिटकॉइन की हिस्सेदारी 1 फीसदी बढ़कर 45.76 फीसदी पर पहुंच चुकी है.
Bitcoin को लेकर आई अच्छी खबर न्यूज एजेंसी रॉयटर्स के मुताबिक, यूक्रेन (Ukraine) की संसद ने Bitcoin को एक कानून पारित किया है. जो देश में क्रिप्टोकरेंसी (Cryptocurrency) बिटकॉइन (Bitcoin) को लीगल और रेगुलेट करता है.
इससे साफ हो गया है कि यूक्रेन ने बिटकॉइन को कानूनी मान्यता दे दी है. इस बिल को यूक्रेन की संसद में कुल 276 सांसदों ने समर्थन दिया है. जबकि छह सांसद इसके खिलाफ थे.
ऐसा माना जा रहा है कि इस बिल के पीछे मुख्य उद्देश्य क्रिप्टोकरेंसी पर अपना नजरिया साफ करने और बिटकॉइन के खरीदारों की सुरक्षा करना है, क्योंकि अब से पहले देश में बिटकॉइन न ही कानूनी था और न ही गैर-कानूनी.
09 सितंबर दोपहर 14:45 बजे तक दुनिया की सबसे बड़ी 10 क्रिप्टोकरेंसी के रेट्स (ये आंकड़े coinmarketcap.com से लिए गए है)
Bitcoin: बीते 24 घंटे में यह 3 फीसदी चढ़कर $46,504.44 पर है. Ethereum: बीते 24 घंटे में यह 6 फीसदी चढ़कर $3532 पर है. Tether: बीते 24 घंटे में यह 0.50 फीसदी बढ़कर $1 पर है. Binance Coin: बीते 24 घंटे में यह 5 फीसदी चढ़कर $418.8 पर है. Cardano: बीते 24 घंटे में यह 12 फीसदी बढ़कर $2.61 है. XRP: बीते 24 घंटे में यह 6 फीसदी चढ़कर $1.13 पर है. USD Coin: बीते 24 घंटे में यह 0.05 फीसदी बढ़कर $1 पर है. Dogecoin: बीते 24 घंटे में यह 5.5 फीसदी बढ़कर $0.25 पर है. Polkadot: बीते 24 घंटे में यह 10 फीसदी बढ़कर $29.38 पर है. Uniswap: बीते 24 घंटे में यह 10 फीसदी चढ़कर $24.26 पर है. यूक्रेन से पहले अल सल्वाडोर ने बिटकॉइन को मान्यता दी है. बिटकॉइन से लेनदेन की व्यवस्था को सुचारु रुप से लागू करने के लिए बिटकॉइन वॉलेट चीमो शुरू किया है.
नेशनल आईडी नंबर से रजिस्टर करने वाले यूजर को $30 की करेंसी मुफ्त मिलेगी. अगर अल सल्वाडोर का बिटकॉइन से संबंधित प्रयोग सफल होता है तो दुनिया के दूसरे देश भी उसके नक्शे कदम पर चल सकते हैं.
हालांकि भारत में ऐसा होने की गुंजाइश बहुत कम है. सरकार देश में बिटकॉइन को क्रिप्टो करेंसी के बजाय कमोडिटी का दर्जा देने पर विचार कर रही है.
Bad Habits Of Morning: आज हम आपको ये बताएंगें कि सुबह उठते ही कौन से काम आपके शरीर लिए नुकसानदायक हो सकते हैं।
नई दिल्ली। Bad Habits Of Morning: यदि आप सुबह उठते ही अपनी सेहत की केयर करने लगते हैं तो ये आपके सेहत के लिए तो अच्छा होता है। साथ ही साथ आप पूरे दिन फ्रेश फील करते हैं। वहीं यदि आप सुबह उठते ही फ़ोन या लैपटॉप चलाने लग जाना, देर तक सोना,एक्सरसाइज न करना या बेड पर ही लेटे रहना। ये कुछ ऐसी चीजें हैं जो सेहत के लिए बिलकुल भी अच्छी नहीं है। आप पूरे दिन खुद को थका हुआ और नींद में महसूस करेंगें। अपने काम पर भी अच्छे से फोकस नहीं कर पाएंगे। वहीं ये लाइफस्टाइल शरीर में अनेकों बीमारियां भी लेकर आ सकती हैं। इसलिए ऐसी लाइफस्टाइल को अवॉयड करने की जरूरत होती है। जो हमारी बॉडी के लिए ही नुकसानदायक हो। तो चलिए आज हम आपको बताएंगें कि सुबह उठते ही कौन सी गलतियां नहीं करनी चाहिए। यदि आप भी करते हैं तो सतर्क हो जाइए।
सुबह उठते ही चाय या कॉफी का सेवन करना बहुत से लोग ऐसे होते हैं जो सुबह उठते ही तुरंत चाय या कॉफी पीते हैं। खाली पेट कैफीन का सेवन करना शरीर के लिए अच्छा नहीं होता है। इनके नुकसान की बात करें तो आयुर्वेद और मेडिकल साइंस दोनों का यही मानना है कि खाली पेट चाय,कॉफ़ी या कैफीन रिलेटेड ड्रिंक्स का सेवन पेट के लिए समस्याओं को बढ़ाने का काम करते हैं। पेट में गैस बनना,पेट में दर्द होते रहना और एसिडिटी जैसी समस्याएं आ सकती हैं। जिससे बचने के लिए सुबह उठते ही चाय या कॉफी के सेवन से बचना चाहिए।
एक्सरसाइज न करना बहुत से लोग सुबह उठते ही बेड में लेटे हुए रहते हैं और फ़ोन चलाते हैं। ऐसा करने से शरीर में बुरा प्रभाव भी पड़ता है और पूरे दिन नींद में रहते हैं। इसलिए यदि आप भी ऐसा करते हैं तो अपना रूटीन को बदलने की जरूरत है। कोशिश करें की सुबह ताज़ी हवा में एक्सरसाइज करें। ताकि आप बीमारियों से दूर रह सकें।
ब्रेकफास्ट को न खाना सुबह का नाश्ता ही आपको पूरे दिन के लिए एनर्जी प्रोवाइड करता है। इसलिए सुबह के नाश्ते को स्किप नहीं करना चाहिए। ये बीमारियों से बचाता है और बॉडी को ऊर्जा प्रदान करता है। सुबह के नाश्ते में आप ओट्स,फ्रूट्स,दलिया आदि फायदेमंद चीजों का सेवन कर सकते हैं।
यह भी पढ़ें: भूलकर भी न करें ब्रेकफास्ट मिस सेहत पर पड़ सकता है असर
It is one of the greatest blessings for human life; however, nowadays humans fail to recognize it as one. Nature has been an inspiration for numerous poets, writers, artists and more of yesteryears.
This remarkable creation inspired them to write poems and stories in the glory of it. They truly valued nature which reflects in their works even today. Essentially, nature is everything we are surrounded by like the water we drink, the air we breathe, the sun we soak in, the birds we hear chirping, the moon we gaze at and more. Above all, it is rich and vibrant and consists of both living and non-living things. Therefore, people of the modern age should also learn something from people of yesteryear and start valuing nature before it gets too late. Significance of Nature Nature has been in existence long before humans and ever since it has taken care of mankind and nourished it forever. In other words, it offers us a protective layer which guards us against all kinds of damages and harms. Survival of mankind without nature is impossible and humans need to understand that.
If nature has the ability to protect us, it is also powerful enough to destroy the entire mankind. Every form of nature, for instance, the plants, animals, rivers, mountains, moon, and more holds equal significance for us. Absence of one element is enough to cause a catastrophe in the functioning of human life. We fulfill our healthy lifestyle by eating and drinking healthy, which nature gives us. Similarly, it provides us with water and food that enables us to do so. Rainfall and sunshine, the two most important elements to survive are derived from nature itself.
Further, the air we breathe and the wood we use for various purposes are a gift of nature only. But, with technological advancements, people are not paying attention to nature. The need to conserve and balance the natural assets is rising day by day which requires immediate attention.
Conservation of Nature In order to conserve nature, we must take drastic steps right away to prevent any further damage. The most important step is to prevent deforestation at all levels. Cutting down of trees has serious consequences in different spheres. It can cause soil erosion easily and also bring a decline in rainfall on a major level. Polluting ocean water must be strictly prohibited by all industries straightaway as it causes a lot of water shortage. The excessive use of automobiles, AC’s and ovens emit a lot of Chlorofluorocarbons’ which depletes the ozone layer. This, in turn, causes global warming which causes thermal expansion and melting of glaciers.
Therefore, we should avoid personal use of the vehicle when we can, switch to public transport and carpooling. We must invest in solar energy giving a chance for the natural resources to replenish.
In conclusion, nature has a powerful transformative power which is responsible for the functioning of life on earth. It is essential for mankind to flourish so it is our duty to conserve it for our future generations. We must stop the selfish activities and try our best to preserve the natural resources so life can forever be nourished on earth
Gold price today: सोने की कीमतों (Gold Price Today) में आज गिरावट देखने को मिली है. मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर गोल्ड 0.17 फीसदी की गिरावट के साथ कारोबार कर रहा है. @dharmveer2921
नई दिल्ली. सोने की कीमतों (Gold Price Today) में आज गिरावट देखने को मिली है. मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर गोल्ड 0.17 फीसदी की गिरावट के साथ कारोबार कर रहा है. वहीं चांदी की कीमतों (Silver price today) में तेजी देखने को मिल रही है. आज के कारोबार में चांदी 0.20 फीसदी तेजी के साथ 63,421 रुपये प्रति किलोग्राम के लेवल पर है.
9,358 रुपये सस्ता मिल रहा सोना साल 2020 की बात करें तो पिछले साल समान अवधि में MCX पर 10 ग्राम सोने का भाव 56,200 रुपये के उच्चतम स्तर पर पहुंच गया था. आज सोना अगस्त वायदा MCX पर 46,815 रुपये प्रति 10 ग्राम के लेवल पर है, यानी अब भी करीब 9,358 रुपये सस्ता मिल रहा है.
सोने चांदी का भाव (Gold Silver Price)
अक्टूबर डिलीवरी वाले गोल्ड की कीमत आज 0.17 फीसदी की गिरावट के साथ 46,815 रुपये प्रति 10 ग्राम के लेवल पर है. वहीं आज के कारोबार में चांदी 0.20 फीसदी तेजी के साथ 63,421 रुपये प्रति किलोग्राम के लेवल पर ट्रेड कर रही है.
Note:
मिस्ड कॉल देकर पता लगाएं सोने का रेटआपको बता दें आप इन रेट्स को आसानी से घर बैठे पता लगा सकते हैं. इसके लिए आपको सिर्फ इस नंबर 8955664433 पर मिस्ड कॉल देना है और आपके फोन पर मैसेज आ जाएगा, जिसमें आप लेटेस्ट रेट्स चेक कर सकते हैं.
इस तरह चेक कर सकते हैं सोने की शुद्धताबता दें अगर अब आप सोने की शुद्धता चेक करना चाहते हैं तो इसके लिए सरकार की ओर से एक ऐप बनाया गया है. ‘BIS Care app’ से ग्राहक (Consumer) सोने (Gold) की शुद्धता (Purity) की जांच कर सकते हैं. इस ऐप (App) के जरिए सिर्फ सोने की शुद्धता की जांच ही नहीं बल्कि इससे जुड़ी कोई भी शिकायत भी कर सकते हैं. इस ऐप (App) में अगर सामान का लाइसेंस, रजिस्ट्रेशन और हॉलमार्क नंबर गलत पाया जाता है तो ग्राहक इसकी शिकायत तुरंत कर सकते हैं. इस ऐप (Gold) के जरिए तुरंत ही ग्राहक को शिकायत दर्ज करने की जानकारी भी मिल जाएगी.
The commission said that before Sept. 30, those departments should check the information systems they are using, to avoid the use of any computing power to engage in the illegal mining of virtual currencies.
The cyberspace commission in China’s northern Hebei province said it will cooperate with other government departments to crack down on virtual currency mining and trading, the latest move in the country’s cryptocurrency crackdown.
The province’s educational department, public security department, local financial regulatory bureau, and communications administration will also participate in the crackdown, the commission’s statement said.
“Cryptocurrency mining consumes an enormous amount of energy, which is against China’s ‘carbon neutral’ goal,” the statement said, adding that it also carries huge financial risks.
In May, China’s State Council, or cabinet, vowed to crackdown on bitcoin mining and trading, escalating a campaign against cryptocurrencies days after three industry bodies banned crypto-related financial and payment services.
The commission said that before Sept. 30, those departments should check the information systems they are using, to avoid the use of any computing power to engage in the illegal mining of virtual currencies.
It added that they should step up the collection of information from whistleblowers and the general public. From October it will regularly monitor the sector and punish those who flout the rules.
एक रिपोर्ट में पता चला है कि ऑनलाइन गेम खेलने वाले 75 परसेंट लोग यही चाहते हैं कि जिस प्लेटफॉर्म पर गेमिंग की सुविधा मिले, उसी प्लेटफॉर्म पर वे क्रिप्टोकरंसी से ट्रेडिंग भी कर सकें. उसी प्लेटफॉर्म पर वे क्रिप्टोकरंसी से खरीद-बिक्री भी कर सकें
क्रिप्टोकरंसी से खरीद-बिक्री अब आम बात है. कई बिजनेस आज क्रिप्टोकरंसी (cryptocurrency) पर आधारित हैं. इसे देखते हुए गेमिंग इंडस्ट्री (crypto gaming) में भी क्रिप्टोकरंसी या वर्चुअल करंसी का बोलबाला है. यह नई चलन ऑनलाइन गेमिंग की है. ऑनलाइन गेम पहले भी होते थे, लेकिन क्रिप्टोकरंसी का प्रचलन नहीं था. जब से बिटकॉइन और इथर जैसी डिजिटल करंसी बाजार में आई है, तब से ऑनलाइन गेमिंग का दायरा बहुत बढ़ गया है. यह ऐसा प्रचलन है जिसमें क्रिप्टोकरंसी की मदद से ऑनलाइन गेम खेलने के साथ कमाई भी भरपूर कर सकते हैं.
गेमिंग इंडस्ट्री में अब ऐसे-ऐसे गेम बनाए जा रहे हैं जिसे लेने या खेलने के लिए रुपये-पैसे नहीं बल्कि क्रिप्टोकरंसी दी जा सकेगी. गेम ऑनलाइन है तो उसका पेमेंट भी ऑनलाइन क्रिप्टोकरंसी में होगा और पेमेंट के साथ गेम खेलने वाले की कमाई भी खूब होगी. कोरोना काल में दुनिया का शायद ही कोई हिस्सा या बिजनेस हो जो प्रभावित न हुआ हो. लेकिन गेमिंग का धंधा इतना तगड़ा है कि इसमें डबल डिजिट से भी ज्यादा बढ़ोतरी देखी गई. लोग लॉकडाउन में घरों में कैद रहे और वीडियो गेम से दिन काटते रहे. लिहाजा वीडियो गेम की कंपनियों को करोड़ों का फायदा हुआ. इन कंपनियों में सोनी, टेनसेंट, निनटेंडो और माइक्रोसॉफ्ट जैसी कंपनियों के नाम हैं. कमाई के लिहाज से सोनी ने इन सभी कंपनियों को पीछे छोड़ दिया है.
क्रिप्टो गेमिंग का प्रचलन दुनिया में जैसे-जैसे कंप्यूटर और मोबाइल गेमिंग (crypto gaming) में बढ़ोतरी हुई है, उसी हिसाब से क्रिप्टो गेमिंग में भी तेजी देखी जा रही है. हालिया ट्रेंड देखें तो क्रिप्टो गेमिंग ने परंपरागत गेमिंग को बहुत हद तक कम कर दिया है. इसकी वजह है कि परंपरागत गेमिंग में खेल के साथ कमाने का मौका नहीं मिलता, लेकिन क्रिप्टोकरंसी गेमिंग में खेलकर खूब पैसे भी कमा सकते हैं. एक रिपोर्ट में पता चला है कि ऑनलाइन गेम खेलने वाले 75 परसेंट लोग यही चाहते हैं कि जिस प्लेटफॉर्म पर गेमिंग की सुविधा मिले, उसी प्लेटफॉर्म पर वे क्रिप्टोकरंसी से ट्रेडिंग भी कर सकें. उसी प्लेटफॉर्म पर वे क्रिप्टोकरंसी से खरीद-बिक्री भी कर सकें.
क्रिप्टो गेमिंग का फायदा यह बात पहले से जाहिर है कि क्रिप्टोकरंसी की खरीद-बिक्री करने के लिए आपके पास डिजिटल वॉलेट होना चाहिए. यह काम सिर्फ और सिर्फ क्रिप्टो एक्सचेंज पर किए जा सकते हैं. गेमिंग इंडस्ट्री ने इसी का फायदा उठाया है. कैंडी क्रश या मोनोपॉली गेम खेलने में जैसे कॉइन की कमाई होती है, उसी तरह का हिसाब क्रिप्टो गेमिंग भी किया गया है.
क्रिप्टो गेमिंग (gamefi) में खेलने के साथ क्रिप्टो का बिजनेस भी कर सकते हैं जिससे आपकी कमाई होती है. कैंडी क्रश में जैसे कॉइन मिलता जाता है और उसे स्टोर करते हैं, उसी तरह क्रिप्टो गेमिंग में क्रिप्टोकरंसी मिलती है जिसे ब्लॉकचेन पर जमा किया जा सकता है. फिर इसी ब्लॉकचेन के जरिये उसे बेचा जा सकता है. गेमिंग की क्रिप्टोकरंसी से किसी और क्रिप्टोकरंसी की ट्रेडिंग कर सकते हैं और उसे ट्रांसफर कर असली पैसा या फिएट मनी कमा सकते हैं.
कैसे होती है कमाई
इससे गेमिंग इंडस्ट्री को भी फायदा हो रहा है. गेम (gamefi) खेलने वाला व्यक्ति ऑनलाइन गेमिंग में जब भी कोई क्रिप्टो एसेट खरीदता है तो उसका कुछ हिस्सा गेमिंग कंपनी को भी जाता है. एक्सी इनफिनिटी, क्रॉप बाइट्स और गॉड्स अनचेन्ड लोकप्रिय ऑनलाइन गेम हैं जिसे खेलकर आप अच्छी-खासी कमाई कर सकते हैं. क्रॉप बाइट्स पूरी तरह से देसी ऑनलाइन गेम है. यह फार्म सिमुलेशन गेम है जिसमें प्लेयर एनएफटी और क्रिप्टो की कमाई कर अपना पोर्टफोलिया बढ़ा सकता है. फिलहाल 80,000 प्लेयर क्रॉप बाइट्स गेम का इस्तेमाल करते हैं. यह ऐसी ऑनलाइन गेम साइट है जिस पर गेमिंग से क्रिप्टो और क्रिप्टो से पैसा कमाने का मौका मिलता है.
यहां दी गई जानकारी किसी भी सलाह का विकल्प नहीं है. यह सिर्फ शिक्षित करने के उद्देश्य से दी जा रही है
क्रिप्टोकरेंसी (Cryptocurrency) निवेशकों के लिए बड़ी खबर आ रही है.
नई दिल्ली. क्रिप्टोकरेंसी (Cryptocurrency) निवेशकों के लिए बड़ी खबर आ रही है. क्रिप्टोकरेंसी संभावित रूप से भारत में एक नए बदलाव को देख रही है क्योंकि सरकार इसे ‘परिभाषित’ करने की योजना बना रही है. सरकार इसे असेट या कमोडिटी की कैटेगरी में डाल सकती है. हालांकि सरकार ने इसके भविष्य को लेकर किसी तरह का फैसला नहीं किया है. सूत्र ने कहा कि क्रिप्टो एसेट्स को उनकी तकनीक या एंड यूज के आधार पर परिभाषित किया जाएगा. यह क्रिप्टोकरेंसी के लिए पहली बार होगा क्योंकि उन्हें कभी भी इस्तेमाल की जाने वाली तकनीक द्वारा वर्गीकृत नहीं किया गया था.
हालांकि, सरकार का ध्यान फिलहाल नियामक उद्देश्यों के लिए संपत्ति के अंतिम उपयोग पर है, जैसा कि रिपोर्ट में उल्लेख किया गया है. सरकार इस संबंध में जल्द विधेयक पेश कर सकती है. नए बिल के मुताबिक क्रिप्टोकरेंसी का इस्तेमाल हर रूप में कमोडिटी की तरह ही होगा. चाहे इसका इस्तेमाल पेमेंट के लिए हो या फिर इन्वेस्टमेंट के लिए, यह एक कमोडिटी होगी. टैक्स के नियम भी उसी हिसाब से हो सकते हैं. सरकार इन सब बातों को साफ करने के लिए एक कानून बना सकती है.
टैक्स संबंधित नियम भी लागू किए जा सकते हैंइस नए बिल से इन डिजिटल परिसंपत्तियों के कर उपचार की रूपरेखा तैयार करने की उम्मीद है और यह परिभाषित करेगा कि उन्हें कैसे वर्गीकृत किया गया है. क्रिप्टोकरेंसी की परिभाषा इस हिसाब से भी तय की जा सकती है कि वह किस तकनीक पर आधारित है या फिर इसका कैसे इस्तेमाल हो रहा है. वर्गीकरण होने के बाद इस पर टैक्स लगाया जा सकेगा. बता दें कि फिलहाल क्रिप्टोकरेंसी को लेकर कोई रेग्युलेटर या नियम नहीं है.
इस मामले में सरकार का पहला लक्ष्य क्रिप्टोकरेंसी स्रोतों को परिभाषित करना है. रिपोर्ट में कहा गया है कि सरकार को यह भी सुझाव दिया गया था कि क्रिप्टो टोकन को एक मुद्रा के विपरीत डिजिटल संपत्ति के रूप में मान्यता देनी चाहिए, साथ ही साथ विनिमय स्वामित्व मापदंडों, केवाईसी, लेखांकन और रिपोर्टिंग मानकों आदि पर नीतियों को स्पष्ट करना चाहिए